News Info
Go back
10 February, 2024, 11:22 AM
जोड़ों के दर्द के लिए असरदार उपाय है मेथी के बीज, साइंस भी करता है इस आयुर्वेदिक रेमेडी पर भरोसा
इस मौसम जोड़ो की स्थिति बत्तर हो सकती है, जिससे चलने फिरने जैसी सामान्य दिनचर्या की हजारों गतिविधियां प्रभावित होती हैं। ऐसे में मेथी के बीज आपकी मदद कर सकते हैं, आइये जानते हैं कैसे।
ठंड के मौसम में जोड़ों का दर्द बढ़ जाता है, खास कर ये उन लोगों को अधिक परेशान कर सकता है, जिन्हें पहले से हड्डियों से संबंधी किसी प्रकार की समस्या है जैसे कि गठिया के मरीज। इस मौसम जोड़ो की स्थिति बत्तर हो सकती है, जिससे चलने फिरने जैसी सामान्य दिनचर्या की हजारों गतिविधियां प्रभावित होती हैं। यही समस्या मेरी दादी को भी परेशान किया करती थी, और वे इससे बेहद जल्दी रिकवर हो जाती थी। उनसे पूछने पर उन्होंने बताया कि वे मेथी का उपयोग करती हैं। उनके अनुसार मेथी का सेवन जोड़ों के दर्द से राहत पाने का एक बेहतरीन उपाय है। खासकर सर्दियों में यह अधिक प्रभावी रूप से कार्य करता है।
ये जानने के बाद मैंने सोचा क्यों न इससे संबंधी अधिक जानकारी इकट्ठा की जाए। इसके लिए मैंने जोड़ों के दर्द से संबंधी कई स्टडी पढ़ी और परिणाम स्वरूप दादी की कही बात पूरी तरह से सच निकली। साइंस भी जोड़ों के दर्द के लिए मेथी के फायदे का समर्थन करता है। इस विषय पर जानकारी इकट्ठा करने के बाद मैंने सोचा इस कमाल से घरेलू नुस्खे को आप सभी के साथ शेयर किया जाए। तो चलिए आज हेल्थ शॉट्स के साथ जानते हैं, दर्द में मेथी किस तरह काम करती है (Fenugreek seeds for knee pain), साथ ही जानेंगे इसे इस्तेमाल करने का सही तरीका।
मेथी को कल्नरी और थेराप्यूटिक दोनो रूप से उपयोग किया जा सकता है, इसमें कई महत्वपूर्ण प्रॉपर्टीज पाई जाती हैं, जैसे की एंटी इन्फ्लेमेटरी, लीवर प्रोटेक्टिंग और एंटीऑक्सीडेंट लाभ शामिल हैं। ठंड के मौसम में आमतौर पर जोड़ों का दर्द बढ़ जाता है, खासकर इस दौरान गठिया संबंधी बीमारियां भी ट्रिगर हो जाती हैं। ऐसे में मेथी के बीज आपकी मदद कर सकते हैं। मेथी सर्दी के महीनों में होने वाले जोड़ों के दर्द के लिए एक बेहद प्रभावी उपचार साबित हो सकती है।
मेथी ने एक प्रकार का कंपाउंड होता है जिसे मेथी बीज पेट्रोलियम ईथर अर्क के रूप में जाना जाता है। इस कंपाउंड में मुख्य रूप से लिनोलिक एसिड और लिनोलेनिक एसिड शामिल हैं। इंडियन जर्नल ऑफ फार्माकोलॉजी में 2016 में प्रकाशित एक अध्ययन में इस कंपाउंड की एंटी इन्फ्लेमेटरी और एंटी अर्थराइटिस क्षमता पर स्टडी की गई थी। इस स्टडी को जानवरों पर किया गया था जो सूजन की समस्या से परेशान थें। परिणाम स्वरूप उनकी स्थिति में सुधार देखने को मिला और उनके जोड़ों का सूजन काफी कम हुआ था। रिसर्चर्स का मानना है, कि मेथी के बीज में मौजूद सैचुरेटेड ओर अनसैचुरेटेड फैटी एसिड से जोड़ो के सूजन एवं दर्द से राहत प्राप्त हुई।
इंडियन जर्नल ऑफ मेडिकल रिसर्च में 2010 में प्रकाशित एक स्टडी में मेथी में ओस्ट्रोजेनिक प्रभाव पाया गया। शायद यही कारण है कि स्त्री रोग संबंधी समस्याओं के लिए कई आयुर्वेदिक और घरेलू उपचारों में इसका उपयोग किया जाता है। अध्ययन में कहा गया है कि मेथी में मौजूद यौगिक एस्ट्रोजन रिसेप्टर्स से बंधे होते हैं और हार्मोन की तरह ही काम करते हैं। रिसर्चर्स की माने तो मेथी के बीज का उपयोग एस्ट्रोजेन रिप्लेसमेंट थेरेपी के विकल्प के रूप में किया जा सकता है, विशेष रूप से गठिया जो एस्ट्रोजेन की कमी के कारण होने वाली बीमारी है।
जोड़ो के दर्द में मेथी के बीज से बनी चाय बेहद प्रभावी साबित हो सकती है। इसके लिए आपको एक कप पानी में एक चम्मच मेथी डालना है, और फिर पानी में अच्छी तरह उबाल आने दें। अब पानी को अलग निकाल लें और इसमें नींबू निचोड़ दें, साथ में एक चम्मच शहद मिलाएं और इसे इंजॉय करें।
2. मेथी के बीज को ड्राई रोस्ट कर लें और इसे ब्लेड करते हुए पाउडर बना ले। पाउडर को स्टोर कर लें। अब अपनी नियमित सब्जी, सूप, सलाद, डोसा आदि में इसे स्प्रिंकल करें और एंजॉय करें।
3. मेथी के बीज को पानी में भिगोकर छोड़ दें, और इसे स्प्राउट्स कर लें। अब अगले दिन उसी पानी के साथ स्प्राउट्स किए गए मेथी के बीज को लें।
4. स्प्राउटेड मेथी के बीज को अपनी नियमित सलाद के साथ मिलाकर इंजॉय कर सकती हैं।
Source:
https://www.healthshots.com/hindi/mom-says/know-how-to-use-methi-aka-fenugreek-seeds-to-reduce-joint-pain/




